मध्यप्रदेश मंत्री परिषद की बैठक में विकास और निवेश के बड़े निर्णय,नर्मदापुरम-टिमरनी मार्ग निर्माण की प्रशासकीय स्वीकृति,उज्जैन मे नवीन रेलवे ओवर ब्रिज की स्वीकृति,इंदौर-उज्जैन ग्रीन फील्ड (एक्सेस कंट्रोल) मार्ग निर्माण की स्वीकृति

मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में मंगलवार को वंदे मातरम गान के साथ मंत्री परिषद की बैठक संपन्न हुई। बैठक में प्रदेश के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

बैठक की जानकारी देते हुए स्थानीय शासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बैठक की शुरुआत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा मन की बात कार्यक्रम की 125वीं कड़ी में मध्यप्रदेश का दो बार उल्लेख करने पर उनका आभार व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि ग्वालियर में संपन्न टूरिज्म कॉन्क्लेव में 3500 करोड़ रुपए से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनसे ग्वालियर, चंबल और सागर संभाग में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। इसी क्रम में 11 से 13 अक्टूबर तक भोपाल में ट्रेवल मार्ट का आयोजन किया जाएगा।

प्रमुख निर्णय पर्यटन व निवेश : विषय-विशेष पर आयोजित समिट्स से प्रदेश को बड़े निवेश लाभ मिल रहे हैं। पीएम-मित्र पार्क, बदनावर (धार) : 2000 एकड़ क्षेत्र में विकसित हो रहा यह पार्क पश्चिम मध्यप्रदेश में मेट्रोपॉलिटन एरिया विकास के सपने को साकार करेगा। जल जीवन मिशन ₹20,765 करोड़ की लागत से 27,990 एकल ग्राम नल-जल योजनाओं को स्वीकृति। ₹60,786 करोड़ की लागत से 148 समूह जल प्रदाय योजनाओं की मंजूरी। इंदौर-उज्जैन ग्रीन फील्ड मार्ग लंबाई 48.05 किमी, 4 लेन का निर्माण हाइब्रिड एन्यूटी मॉडल पर स्वीकृत। कुल लागत ₹2935.15 करोड़।परियोजना में 34 अंडरपास, 2 फ्लाईओवर, 1 आर.ओ.बी., 7 मध्यम पुल, 2 वृहद जंक्शन सहित सड़क सुरक्षा व रोड मार्किंग के कार्य शामिल।

बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि ये निर्णय प्रदेश के समग्र विकास, पर्यटन विस्तार, जल आपूर्ति सुदृढ़ीकरण और अधोसंर चना सशक्तिकरण की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगे।

न्यूज़ सोर्स : mp1news Bhopal