उप स्वास्थ्य केंद्रों के निर्माण में तेजी, ग्वालियर जिले में 35 भवन स्वीकृत,भितरवार में 17 उप-स्वास्थ्य केंद्र निर्माण को मंजूरी, स्वास्थ्य के क्षेत्र में अनुकरणीय पहल।

मध्य प्रदेश विधानसभा सत्र के दौरान भितरवार के विधायक मोहन सिंह राठौर द्वारा पूछे गए प्रश्न के उत्तर में लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री राजेंद्र शुक्ल ने उप स्वास्थ्य केंद्रों के भवन निर्माण को लेकर विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। मंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार ग्रामीण स्वास्थ्य ढांचे को सुदृढ़ करने के लिए निरंतर प्रयासरत है और इस दिशा में ठोस प्रगति भी हुई है। मंत्री राजेंद्र शुक्ल ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2023-24 के अंतर्गत राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के माध्यम से प्रदेश में उप स्वास्थ्य केंद्रों के भवन निर्माण हेतु प्रशासनिक स्वीकृतियां जारी की गई हैं। विशेष रूप से ग्वालियर जिले में 35 उप स्वास्थ्य केंद्र भवनों के निर्माण के लिए स्वीकृति दी गई है, जो क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।उन्होंने जानकारी दी कि इन स्वीकृत भवनों में से 17 उप स्वास्थ्य केंद्रों के भवन पूर्ण हो चुके हैं और कार्य शुरू होने के बाद निर्धारित समयसीमा में इन्हें पूरा किया गया है। वहीं 5 भवनों का निर्माण कार्य प्रगति पर है और 4 भवनों में निर्माण कार्य प्रारंभ किया जा चुका है। शेष 3 भवनों की प्रशासनिक स्वीकृति निरस्त कर दी गई है, जिनके संबंध में आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।

मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि निर्माण कार्य की प्रक्रिया जिला स्तर पर नहीं, बल्कि कार्यपालन यंत्री के माध्यम से संपन्न कराई गई है। इसका मुख्य कारण यह है कि जिला स्वास्थ्य समितियां निर्माण कार्य के लिए अधिकृत नहीं हैं। इसलिए संपूर्ण प्रक्रिया को तकनीकी और प्रशासनिक दृष्टि से सुव्यवस्थित रखने के लिए कार्यपालन यंत्री के माध्यम से कार्य कराया गया। निर्माण कार्यों में उपयोग होने वाले मटेरियल की गुणवत्ता को लेकर उठे प्रश्न के जवाब में मंत्री राजेंद्र शुक्ल ने बताया कि सभी भवनों के निर्माण में निर्धारित मानकों के अनुसार सामग्री का उपयोग किया गया है। साथ ही, मटेरियल की गुणवत्ता की जांच भी शासन द्वारा तय प्रक्रिया के अनुसार कराई गई है। गुणवत्ता परीक्षण का कार्य संबंधित एजेंसियों द्वारा सुनिश्चित किया गया है, जिससे निर्माण कार्य में पारदर्शिता और गुणवत्ता बनी रहे। सरकार का उद्देश्य केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना भी है। उप स्वास्थ्य केंद्रों के सुदृढ़ भवन बनने से न केवल चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार होगा, बल्कि ग्रामीण जनता को समय पर उपचार और स्वास्थ्य सेवाएं भी मिल सकेंगी।

विधानसभा में दिए गए इस उत्तर से यह स्पष्ट होता है कि राज्य सरकार स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करने के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्य कर रही है। विशेषकर ग्वालियर जिले में उप स्वास्थ्य केंद्रों के निर्माण में हुई प्रगति से यह संकेत मिलता है कि आने वाले समय में ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिलेगा। मंत्री राजेंद्र शुक्ल ने आश्वस्त किया कि जहां-जहां निर्माण कार्य लंबित हैं, वहां शीघ्रता से कार्य पूर्ण कराया जाएगा और गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। सरकार की प्राथमिकता है कि हर नागरिक को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हों।

विधानसभा में उठाए गए प्रश्न के उत्तर ने न केवल वर्तमान स्थिति को स्पष्ट किया, बल्कि सरकार की स्वास्थ्य क्षेत्र में प्रतिबद्धता को भी उजागर किया। उप स्वास्थ्य केंद्रों के निर्माण में तेजी से प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं का आधार और मजबूत होगा, जिससे आमजन को सीधा लाभ मिलेगा।

न्यूज़ सोर्स : mp1news Bhopal