भोपाल 6सितम्बर/दुबई में अरब संसद अध्यक्ष मो.अहमद अल यामाही के साथ CM डॉ. यादव की बैठक
दुबई विजिट-पहला दिन
मध्यप्रदेश में निवेश और निर्यात सहयोग के नए द्वार खोलने की पहल,GIS-2027 के लिए अरब देशों को दिया निवेश का न्योता।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने संयुक्त अरब अमीरात के दुबई में अरब संसद के अध्यक्ष हिज हाइनेस मोहम्मद अहमद अल यामाही एवं उनके नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में मध्यप्रदेश और अरब देशों के बीच व्यापार, निवेश, कृषि, खाद्य प्रसंस्करण, लॉजिस्टिक्स तथा निर्यात के क्षेत्र में सहयोग की संभावनाओं पर व्यापक चर्चा हुई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हिज हाइनेस मोहम्मद अहमद अल यामाही तथा उनके नेतृत्व वाले अरब व्यावसायिक प्रतिनिधिमंडल को मध्यप्रदेश का दौरा करने और ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2027 (GIS-2027) में सहभागी बनने का आमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश निवेशकों के लिए अनुकूल वातावरण, पर्याप्त प्राकृतिक संसाधन, मजबूत कनेक्टिविटी और विकसित हो रही औद्योगिक अधोसंरचना के साथ वैश्विक निवेश के लिए निरंतर नए अवसर तैयार कर रहा है।
कृषि से निर्यात तक साझेदारी पर जोर: बैठक में खाद्य प्रसंस्करण, कृषि मूल्य श्रृंखला, कोल्ड चेन इंफ्रास्ट्रक्चर, कृषि लॉजिस्टिक्स और दीर्घकालिक निर्यात सहयोग को विशेष प्राथमिकता दी गई। मध्यप्रदेश की कृषि क्षमता को वैश्विक बाजार से जोड़ने तथा अरब देशों की खाद्य एवं कृषि क्षेत्र की आवश्यकताओं के अनुरूप निवेश और व्यापारिक साझेदारी विकसित करने पर विचार-विमर्श हुआ। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश कृषि उत्पादन के साथ-साथ एग्री-बिजनेस, फूड प्रोसेसिंग और वैल्यू एडिशन को बढ़ावा दे रहा है। इससे किसानों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने के साथ प्रदेश में रोजगार और निवेश के नए अवसर सृजित किए जा सकते हैं।
GIS-2027 के लिए 22 देशों के संसदीय प्रमुखों को विशेष आमंत्रण: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हिज हाइनेस मोहम्मद अहमद अल यामाही से आग्रह किया कि वे मध्यप्रदेश ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2027 के लिए मध्य पूर्व और अफ्रीका क्षेत्र के विभिन्न देशों के संसदीय नेताओं एवं संसद अध्यक्षों को विशेष आमंत्रण प्रेषित करें। इस पहल के तहत अल्जीरिया, बहरीन, कोमोरोस, जिबूती, मिस्र, इराक, जॉर्डन, कुवैत, लेबनान, लीबिया, मॉरिटानिया, मोरक्को, ओमान, फिलिस्तीन, कतर, सऊदी अरब, सोमालिया, सूडान, सीरिया, ट्यूनीशिया, संयुक्त अरब अमीरात और यमन के संसदीय प्रमुखों को आमंत्रित किए जाने की पहल की गई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि GIS-2027 केवल निवेश सम्मेलन नहीं, बल्कि मध्यप्रदेश को वैश्विक व्यापार, उद्योग और आर्थिक सहयोग के नए केंद्र के रूप में स्थापित करने का महत्वपूर्ण मंच बनेगा। अरब संसद के माध्यम से इन देशों के साथ संवाद बढ़ने से निवेश, व्यापार, उद्योग, अधोसंरचना, नवाचार और निर्यात के क्षेत्रों में नए अवसर खुल सकते हैं। बैठक को मध्यप्रदेश की ‘लोकल से ग्लोबल’ आर्थिक रणनीति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अरब देशों के साथ मजबूत संस्थागत एवं व्यावसायिक संबंध प्रदेश की कृषि उत्पादों और औद्योगिक वस्तुओं के लिए नए अंतरराष्ट्रीय बाजार खोलने में सहायक होंगे।

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