भोपाल।पिछली कमलनाथ सरकार के समय वर्ष 2019 में विधायकों के लिये तीन सुविधायें खत्म कर दी गई थीं जिन्हें अब वर्तमान शिवराज सरकार ने फिर से बहाल कर दिया है। दरअसल वर्ष 2013 में विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र विकास योजना के अंतर्गत विधायकों द्वारा अपनी निधि से जिन मदों पर राशि दी जा सकती है, उसकी सूची जारी की गई थी। इस सूची में उल्लेखित तीन सुविधाओं को पिछली कमलनाथ सरकार ने खत्म कर दिया था जिसे अब वर्तमान शिवराज सरकार ने पुन: बहाल कर दिया है। राज्य के योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी संचालनालय द्वारा सभी जिला कलेक्टरों को जारी पत्र में इन तीनों सुविधाओं के बहाल होने की जानकारी दी गई है तथा अपने जिले के विधायकों को इसकी जानकारी भी देने के लिये कहा गया है।
ये हैं तीन सुविधायें : एक, पंजीकृत मान्यता प्राप्त निजी संस्थाओं के शिक्षण कार्य हेतु भवन निर्माण हेतु अनुदान दिया जा सकेगा। दो, शिक्षण संस्थाओं के लिये फर्नीचर/टाट पट्टी क्रय की व्यवस्था, राजीव गांधी बहु माध्यमीय अध्ययन केंद्र भवन, वी सेट क्रय एवं सेट की स्थापना पर भी निधि दी जा सकेगी। (पहले सिर्फ शासकीय संस्थाओं के लिये यह सुविधा थी। तीन, सामाजिक संगठनों के लिये धर्मशाला, पंजीकृत सोसाटियों/न्यासों/सामुदायिक भवन निर्माण कार्य पर अधिकतम 10 लाख रुपये की निधि दी जा सकेगी।
इसलिये किया बहाल : विधायकगण बार-बार सीएम शिवराज से आग्रह कर रहे थे कि उन्हें उक्त तीन सुविधाओं पर भी निधि देने की इजाजत दी जाये। इसीलिये अब इन्हें पुन: बहाल कर दिया गया है।